हरिद्वार। भगवानदास आदर्श संस्कृत महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ निरञ्जन मिश्रा को षड्यंत्र के तहत गिरफ़्तार करने को लेकर छात्र छात्राओं ने विरोध प्रदर्शन किया।
विरोध प्रदर्शन के समर्थन देने पहुंचे मातृसदन स्वामी शिवानन्द महाराज ने कहा कि महन्त रूपेंद्र प्रकाश ने सर्वथा झूठी एफ आई आर दर्ज करवाई है, जिसे वह स्वयं भी सही सिद्ध नहीं कर सकते। उस झूठी एफ आई आर को जिसमें कि डॉ. निरञ्जन मिश्रा का नाम तक नहीं है,उसे आधार बनाकर पुलिस प्रशासन ने बिना किसी पूर्व सूचना के अपने कार्यकाल में कार्यरत् डॉ. निरञ्जन मिश्रा को गिरफ़्तार किया जो कि अपराध की श्रेणी में आता है। साथ ही पुलिस प्रशासन द्वारा सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवहेलना की गई है। उक्त विषय को सम्पूर्ण रूप से समझे बिना ही न्यायाधीश ने भी ज़मानत के लिए दी गई अर्जी भी ख़ारिज कर दी। इसकी शिकायत हमने उच्च स्तर पर की है। उन्होंने कहा कि जिस वसीयत को महन्त रुपेन्द्र प्रकाश आधार बना रहे हैं उसे कोर्ट ने निरस्त कर दिया था और यह महाविद्यालय नगर मजिस्ट्रेट द्वारा दिए गए कब्जे से बाहर है। रूपेंद्र प्रकाश द्वारा गलत तथ्यों को लेकर एफ आई आर दर्ज कराई गयी है। इसलिए गलत एफ आई आर दर्ज कराने के अपराध में इन पर मुकदमा दर्ज होना चाहिए।
हरिद्वार शिक्षक संघ के अध्यक्ष कुलदीप ने कहा कि निरञ्जन मिश्रा के साथ हुआ षड्यंत्र निन्दनीय है। हमें उनकी गिरफ्तारी के विरोध में परिषद् के साथ मिलकर सचाई के साथ लडेंगे।
इस अवसर पर राष्ट्र निर्माण पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व आई पी एस डॉ आनंद कुमार ने धरना स्थल पर आकर डॉ निरंजन मिश्रा की गिरफ्तारी का विरोध किया उन्होंने कहा कि उत्तराखंड सरकार ने साहित्य अकादमी पुरस्कृत डॉ निरंजन मिश्रा की गिरफ्तारी कर बहुत गलत काम किया है यह संस्कृत का अपमान है यदि उत्तराखंड सरकार ने डॉ निरंजन मिश्रा के साथ न्याय नहीं किया तो सम्पूर्ण देश मैं आंदोलन किया जाएगा हमारी पार्टी का छात्रो को पूर्ण समर्थन है। डॉ संगीत विद्यालंकार,डॉ विष्णुरूप शर्मा , डॉ अनिल त्रिपाठी, डॉ प्रकाश जोशी, डॉ वाणी भूषण भट्ट, डॉ सर्वेश त्रिपाठी, राजेन्द्र गोनियाल, आदि ने उपस्थित होकर व उत्तर प्रदेश संस्कृत संघ ने आंदोलन का समर्थन किया है।
इस मौके पर सतीश पनेरू, सतीश रुवाली, कमल गहतोड़ी, पवन जोशी, दीपक सेमवाल आदि उपस्थित रहे।
