स्वैच्छिक रक्तदान करना जरूरी क्योकि रक्तदान सबसे बड़ा दान डॉ घनश्याम गुप्ता,
लक्सर। क्षेत्र के ब्लॉक खानपुर मैं नेशनल कन्या इण्टर कालेज, खानपुर की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के एक दिवसीय शिविर में प्रधानाचार्य डॉ0 घनश्याम गुप्ता ने कहा कि रक्त का कोई विकल्प नहीं हैं इसलिये स्वैच्छिक रक्तदान करना जरूरी हैं। राष्ट्रीय स्वैच्छिक रक्तदान दिवस पर स्वयंसेवियों को सम्बोधित करते हुये उन्होंने कहा कि व्यक्ति के शरीर में रक्त सबसे जरूरी है जिससे इंसान का जीवन और शरीर चलता है। इस दिन को मनाने का भी उद्धेश्य यही है लोगों को व्यक्ति के जीवन में रक्त की आवश्यकता के बारे में जानकारी दी जाये। कार्यक्रम अधिकारी बलराम गुप्ता ने कहा कि इस दिन को मनाने की शुरूआत 01 अक्टूबर 1975 में की गयी थी। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति रक्तदान कर तीन लोगों की जान बचा सकता है। कार्यक्रम अधिकारी सुलेलता देवी, ने कहा कि इस दिवस को मनाने का उद्धेश्य दुनिया भर के लोगों को स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति जागरूक करना है। सफलता पूर्वक जरूरतमंद रोगियों की जरूरत को तत्काल पूरा करने के लिये स्वैच्छिक रक्तदान के लक्ष्य को प्राप्त करना हैं।
इस अवसर पर स्वयंसेवियों ने भी स्वैच्छिक दक्तदान के बारे में अपने विचार व्यक्त किये साथ ही पोस्टर, श्लोगन,, निबन्ध तथा भाषण आदि अनेक कार्यक्रम कराये गये जिनमें शिखा, सलोनी, हंसिका, करिश्मा, मिनाक्षी, वंशिका, शिवानी, मधु, सुनीता, खुशी, सुमन, आशु, सागर कुमार, शुभम कुमार, मोहित कुमार, सानिया सैनी, रचना, सुमन, कल्पना, पल्लवी, सोनिया, प्रियंाशी, छोटन आदि स्वयंसेवियों ने हिस्सा लिया।
