साइबर ठगी के शिकार हुए पीड़ितों को दिलाई राहत
03 पीड़ितों को वापस कराए 2 लाख 87 हजार रुपए की धनराशि
साइबर हेल्पलाइन नबर 1930 व 9456591505 की जानकारी की साझा
सावधानी व सतर्कता ही साइबर ठगी से बचने का सबसे बेहतर उपाय है एसएसपी
एसएसपी हरिद्वार अजय सिंह के निर्देशन में काम कर रही साइबर सेल टीम द्वारा माह अप्रैल में 03 पीड़ितों के साथ हुई साइबर ठगी संबंधी मामले में त्वरित कार्यवाही करते हुए उनके खातों में कुल 2 लाख 87 हजार रुपए वापस कराए गए।
कैसे हुई थी साइबर ठगी
सुबह सुबह फोन की घंटी बजी जैसे ही महाशय ने फोन उठाया दूसरी साइड से आवाज आई मैं बैंक अधिकारी बोल रहा हूं आपके क्रैडिट कार्ड के प्वाइंट रिडीम करने हैं।
बैंकिंग की जानकारी कम होने के कारण पीड़ित द्वारा अपनी भाँजी को मोबाईल फोन पर बैंक अधिकारी से बात करने हेतु कहा गया। लड़की ने जैसे ही बैंक अधिकारी को बैंकिग कार्ड नम्बर, ओटीपी साझा किया पीड़ित के खाते से कुल 2,88,907 रु0 कट गए।
अधिकारी बता कर साइबर ठग द्वारा पीड़ित के साथ धोखाधडी कर बैंक खाते से 10,000 रु0 निकाल लिए थे
पीड़ित के मोबाईल रीचार्ज न होने पर पीड़ित द्वारा पर कस्टमर केयर नंबर सर्च कर कॉल की गई। बात पूरी न होने पर पीड़ित को दूसरे नंबर से फोन आया जिसके द्वारा खुद को मोबाईल कम्पनी का अधिकारी बताते हुए पीड़ित के फोन पर डाउनलोड करा कर पीड़ित से समस्त जानकारी व ओटीपी प्राप्त कर पीड़ित के खाते से 1,71,912 रु0 निकाल लिये थे।
पुलिस की कार्यवाही
साइबर सैल के द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए तीनों शिकायतकर्ताओं की शिकायत पर त्वरित कार्यवाही करते हुये नियमानुसार सम्बन्धित पेमेंट गेटवे/बैंक नोडल से पत्राचार कर 03 व्यक्तियों के खातों में कुल 2 लाख 87 हजार रुपए उनके खातों में वापस करायी गयी बाकी धनराशि वापस कराने हेतु लगातार प्रयास जारी हैं।
धनराशि वापस मिलने पर पीड़ितों द्वारा हरिद्वार पुलिस का धन्यवाद किया गया।
साइबर सैल हरिद्वार की आम जनमानस से अपील
बैंक कभी भी आपकी बैंकिंग सम्बन्धी गोपनीय जानकारी नहीं माँगता है। जैसे कार्ड नम्बर, सीवीवी नम्बर, ओटीपी इत्यादि। यदि कभी भी कोई कॉल बैंक से आना प्रतीत होता है तो तुरन्त अपने बैंक से सम्पर्क करें, किसी भी अन्जान व्यक्ति को अपने बैंक खाते से सम्बन्धित कोई भी जानकारी मोबाईल पर साझा न करें।यदि आप को कोई भी शिकायत किसी भी कम्पनी या बैंक से करनी है तो सिर्फ बैंक/मर्चैन्ट कम्पनी के द्वारा अपनी रजिस्ट्रड वैबसाइट पर दिये गये टोल फ्री नम्बर पर ही सम्पर्क करें अथवा शिकायत दर्ज करवायें।शिकायत दर्ज करने हेतु कभी भी किसी मोबाईल एप्प जैसे इत्यादि को डाउनलोड न करें। ये एप्प आपकी गोपनीय जानकारी चुरा सकती है।
यदि कोई भी व्यक्ति ठगी का शिकार होता है तो तत्काल नजदीकी थाना एवं साईबर हेल्पलाइन नंबर 1930, व्हाट्सएप मोबाईल नम्बर +919456591505 पर सूचना दें।साईबर पुलिस टीम
1- निरीक्षक प्रमोद उनियाल
2- मुख्य आरक्षी शक्ति सिंह गुसांई
3- मुख्य आरक्षी योगेश कैंथोला
4- मुख्य आरक्षी अरुण कुमार
5- मुख्य आरक्षी विवेक यादव
साइबर ठगी के शिकार हुए पीड़ितों को दिलाई राहत
