बहादराबाद। भीम आर्मी के कार्यकर्ताओ ने मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना कलीम की जल्द रिहाई के लिए उप जिला अधिकारी को राष्ट्रपति के नाम दिया ज्ञापन।
आपको बतादे की उत्तर प्रदेश के रहने वाले मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना कलीम को उत्तर प्रदेश एटीएस ने अवैध धर्मांतरण का बेबुनियाद आरोप लगाते हुए गिरफ्तार कर लिया है मौलाना कलीम जाने-माने धर्मगुरु है मौलाना कलीम ने कभी किसी व्यक्ति विशेष या धर्म के खिलाफ कोई आपत्तिजनक बयान नहीं दिया है एटीएस ने गैरकानूनी तरीके से मौलाना कलीम को गिरफ्तार किया है जिससे साफ पता चलता है कि उत्तर प्रदेश सरकार इस्लाम और मुस्लिम के खिलाफ नफरत का माहौल बनाकर चुनाव में फायदा उठाना चाहती है अपने धर्म का प्रचार व प्रसार करने की इजाजत हमें बाबा साहेब भीम राव अंबेडकर ने संविधान के माध्यम से मिली हुई है कोई अपने समाज या धर्म का प्रसार प्रचार कर सकता है किसी को कोई रोक नही है। जिसमें तमाम मुस्लिम की आस्था है कुरान पाक में स्पष्ट है कि धर्म के मामले में किसी पर कोई जबरदस्ती जायज नहीं है इसलिए इस्लाम के विचारक किसी को भी लालच या भय से इस्लाम कुबूल करने को मजबूर नहीं करते लेकिन किसी भी धर्म को अपनाना हर नागरिक का मौलिक अधिकार है और किसी अधिकार का उपयोग कर लोग धर्म को अपनाते हैं जिस पर रोक लगाने की कोई भी कोशिश असंवैधानिक है और नागरिक अधिकारों से वंचित करने वाली है भीम आर्मी भारत एकता मिशन उत्तराखंड आजाद समाज पार्टी उ आप से पूर्ण आशा ही नहीं संपूर्ण विश्वास करती है कि आप नागरिकों के मौलिक अधिकारों की रक्षा हेतु मोलाना कलीम को तुरंत रिहा करने के आदेश उत्तर प्रदेश सरकार को देंगे और उत्तर प्रदेश सरकार जो भेदभाव मुस्लिम के साथ कर रही है उस पर तुरंत संज्ञान लेंगे।
इस मौके पर महक सिंह,तौफीक अहमद,नौशाद मलिक, शिवकुमार, रोबिन गौतम, तौफीक अहमद, रिजवान कुरैशी, आसिफ, मोहसिन मलिक, शेखर कुमार, किरत, कर्णवाल ,आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।
