राष्ट्रीय मत्स्य पालक दिवस के अवसर पर मत्स्य विभाग, हरिद्वार द्वारा कार्यक्रम का आयोजन विकास भवन सभागार में किया गया।  कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मुख्य विकास अधिकारी उपस्थित रहे।

राष्ट्रीय मत्स्य पालक दिवस के अवसर पर मत्स्य विभाग, हरिद्वार द्वारा कार्यक्रम का आयोजन विकास भवन सभागार में किया गया। 

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मुख्य विकास अधिकारी उपस्थित रहे।

 इसके अतिरिक्त मुख्य कृषि अधिकारी, हरिद्वार, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी तथा नोडल अधिकारी स्वजल, हरिद्वार विशिष्ट अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए।

कार्यक्रम में जनपद के समस्त विकास खण्डों से आए मत्स्य पालकों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मत्स्य पालकों ने मत्स्य पालन के क्षेत्र में अपने अनुभव साझा किए तथा मत्स्य उत्पादन, विपणन एवं आधुनिक तकनीकों से संबंधित विषयों पर विचार-विमर्श किया। कार्यक्रम के दौरान विभागीय अधिकारियों द्वारा मत्स्य विभाग की विभिन्न योजनाओं एवं गतिविधियों की विस्तृत जानकारी भी प्रदान की गई।

सहायक निदेशक मत्स्य द्वारा अपने संबोधन में राष्ट्रीय मत्स्य पालक दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह दिवस देश में वैज्ञानिक मत्स्य पालन को बढ़ावा देने, मत्स्य पालकों के योगदान का सम्मान करने तथा उन्हें नवीन तकनीकों एवं विभागीय योजनाओं से अवगत कराने के उद्देश्य से प्रतिवर्ष मनाया जाता है। उन्होंने मत्स्य पालकों से विभागीय योजनाओं का अधिकाधिक लाभउठाकर मत्स्य पालन को लाभकारी व्यवसाय के रूप में अपनाने का आह्वान किया।

मुख्य विकास अधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि 09 जुलाई, 2026 को हुई अतिवृष्टि एवं भारी वर्षा के कारण जिन मत्स्य पालकों को मत्स्य भंडार (स्टॉक) की क्षति हुई है, वे अपनी हानि का विवरण यथाशीघ्र मत्स्य विभाग को उपलब्ध कराएं, ताकि विभागीय स्तर पर आवश्यक कार्यवाही की जा सके। उन्होंने कृषकों को वैज्ञानिक एवं सुरक्षित मत्स्य पालन अपनाने की सलाह देते हुए प्राकृतिक आपदाओं के प्रति सतर्क रहने का भी आग्रह किया।

मुख्य विकास अधिकारी ने विभाग द्वारा संचालित आलंकारिक (ऑर्नामेंटल) मत्स्य पालन योजना की सराहना करते हुए कहा कि यह योजना किसानों की आय बढ़ाने का एक प्रभावी माध्यम बन रही है। उन्होंने मत्स्य पालकों से आग्रह किया कि वे दोनों प्रकार की मछलियों का पालन कर बाजार की व्यापक मांग का लाभ उठाएं तथा अपनी आय में वृद्धि करें।

मुख्य विकास अधिकारी द्वारा राष्ट्रीय मत्स्य पालक दिवस के अवसर पर विकास भवन परिसर हरिद्वार में वृक्षारोपण का कार्य मत्स्य सहेली के सदस्यों एवं मत्स्य विभाग के अधिकारी कर्मचारियों की उपस्थिति में किया गया।

कार्यक्रम के दौरान मत्स्य पालन के क्षेत्र में उत्कृष्ट एवं उल्लेखनीय कार्य करने वाले प्रगतिशील मत्स्य कृषकों को प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। अधिकारियों ने सम्मानित कृषकों की उपलब्धियों की सराहना करते हुए अन्य किसानों से भी उनके अनुभवों एवं नवाचारों से प्रेरणा लेने का भी आह्वान किया।

कार्यक्रम का समापन विभागीय अधिकारियों द्वारा सभी अतिथियों एवं प्रतिभागी मत्स्य कृषकों के प्रति आभार व्यक्त करने के साथ हुआ।

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