पूर्व कैेबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद के साथ संतों और नेताओं ने पत्रकार वार्ता कर गौवंश हत्यारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
हरिद्वार। मंगलवार को प्रेसक्लब में पत्रकार वार्ता करते पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद ने माधोपुर की घटना की जानकारी देते हुए कहा कि जिन आरोपी का पूरा परिवार गौवंश मामले में संलिप्त है और दर्जनों मुकदमें दर्ज होने पर जिला बदर तक हो चुके हैं, ऐसे परिवार का आरोपी युवक गौमांस ले जाते हुए अपने को बचाने के लिए तालाब में कूद जाता है और मरने के बाद पुलिस पर गलत आरोप लगाते हैं। जबकि बाद में गौमांस भी बरामद किया गया और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी खुलासा हो गया। गौकशी हत्या करने वालों पर गौ अधिनियम के तहत दस साल की सजा का प्रावधान है। वेदों में भी लिखा है कि गौवंश की हत्या नहीं करनी चाहिए। ऐसे आरोपी को शीशे की गोली से बिंद देना चाहिए।
पूर्व विधायक संजय गुप्ता ने कटारपुर ग्राम के गौवंश बचाने वाले शहीदों को नमन करते हुए कहा कि पूर्व सीएम हरीश रावत की पुत्री अनुपमा रावत ने ऐसे शहीदों का अपमान किया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की सरकार में ऐसे गौवंश हत्यारों को बख्शा नहीं जाएगा। महंत ऋषिश्वरानंद महाराज ने गौकशी को बचाने वाले कांग्रेस नेताओं की निंदा की। वरिष्ठ अधिवक्ता राजेश रस्तौगी ने पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत पर जमकर निशाना साधते हुए कहा कि इस परिवार का राजनीति में आना दुर्भाग्य है। अपराधियों को बचाने वाले पूर्व सीएम पर मुकदमा दर्ज होना चाहिए।
इस मौके पर जिला पंचायत अध्यक्ष किरण चौधरी, जिला महामंत्री आशु चौधरी, भाजयुमो जिलाध्यक्ष विक्रम भुल्लर, चेयरमैन सुशील राठी, किसान मोर्चा के पूर्व जिलाध्यक्ष नृपेंद्र चौधरी, अमित चौहान, योगेंद्र मुंडन, पुरुषोत्तम शर्मा, सत्यनारायण शर्मा, प्रदीप चौहान, विवेक चौहान दीपक जखमोला आदि शामिल हुवे।
पूर्व कैेबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद के साथ संतों और नेताओं ने पत्रकार वार्ता कर गौवंश हत्यारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
